मध्यप्रदेश शिवराज सरकार 29 हजार करोड़ के कर्ज में डूबी, 2023 विधानसभा चुनाव से पहले 11 वीं बार लिया लोन

मध्यप्रदेश की शिवराज सरकार एक बार फिर भारतीय रिजर्व बैंक से लोन ले रही है। चुनाव से पहले भारतीय रिजर्व बैंक से 4000 करोड़ के लोन को मंजूरी मिल गई है। अगर साल 2023 की बात करे तो मध्यप्रदेश सरकार पर कुल 29 हजार करोड़ रुपए का लोन सिर्फ वर्ष 2023 में ही ले लिया गया है।

मध्यप्रदेश सरकार लोन

मध्यप्रदेश सरकार कर्ज में डूबती नजर आ रही है। वर्ष 2023 में सरकार ने बीते 6 महीने में 11 बार लोन ले चुकी है। और सरकार पर बीते 6 महीने में 11 बार लोन लिए जाने पर 29 हजार करोड़ का कर्ज हो चुका है।

बीते 6 महीने में 11 बार लिया कर्ज

मध्यप्रदेश सरकार ने साल 2023 के 6 महीने के अंदर अलग अलग तारीख पर कुल 1 बार कर्ज ले लिया है। शिवराज सरकार ने जनवरी, फरवरी, मार्च, मई और जून में शिवराज सरकार ने RBI से लोन लिया है।

जनवरी 2023 में मध्यप्रदेश सरकार ने 2 हजार करोड़ का कर्ज लिया। फरवरी 2023 में 4 बार में कुल 12000 करोड़ कर्ज मध्यप्रदेश सरकार ने लिया। फिर मार्च में 3 बार में लिया गया कर्ज 9000 करोड़। और मई में 2000 करोड़ रुपए का कर्ज और अभी जून में सरकार ने 4000 करोड़ का कर्ज लिया।

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शिवराज सरकार के पिछले 11 लोन

  • 25 जनवरी 2023- 2000 करोड़
  • 02 फरवरी 2023- 3000 करोड़
  • 09 फरवरी 2023- 3000 करोड़
  • 16 फरवरी 2023-3000 करोड़
  • 23 फरवरी 2023- 3000 करोड़
  • 02 मार्च 2023- 3000 करोड़
  • 09 मार्च 2023- 2000 करोड़
  • 17 मार्च 2023- 4000 करोड़
  • 24 मार्च 2023- 1000 करोड़
  • 29 मई 2023- 2000 करोड़
  • 14 जून 2023- 4000 करोड़

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शिवराज सरकार नए वित्तीय वर्ष अप्रैल महीने के बाद 29 मई को 2000 करोड़ का कर्ज लिया। और 14 जून 2023 को सरकार ने 4000 हजार करोड़ का कर्ज लिया। बीजेपी सरकार के नेतृत्व में मध्यप्रदेश कर्ज में डूबते जा रहा है। वर्ष 2023-2023 के बजट से सवा तीन करोड़ रुपए से ज्यादा का कर्ज है।

मध्यप्रदेश की शिवराज सरकार आगामी विधानसभा इस पहले 29 हजार करोड़ रुपए का कर्ज ले लिया है और इस बीच अगर चुनाव कांग्रेस सरकार जीत जाती है तो सारा कर्ज का बोझ कमलनाथ के ऊपर आ जाएगा और फिर सत्ता चलाना बेहद मुश्किल हो जाएगा।

आपको बता दें कि 2019 के विधनसभा चुनाव में भी यही हुआ था कमलनाथ जी मुख्यमंत्री पद की सपथ लिए और 1 साल में उनकी सत्ता छीन ली गई।

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